कैसे-कैसे सपने नयन देखा करते थे दिन रैन बिना निहारे उसको क्या पड़ता था दिल को चैन कैसे-कैसे सपने नयन देखा करते थे दिन रैन बिना निहारे उसको क्या पड़ता था दिल को...
खुल के मानव के बीच में आकर राष्ट्र भक्ति दिखाओ जी खुल के मानव के बीच में आकर राष्ट्र भक्ति दिखाओ जी
ठोकर मार जनता के वोटों को गठबंधन की सरकार बना लिया। ठोकर मार जनता के वोटों को गठबंधन की सरकार बना लिया।
हम झेल रहे हैं बोली के बदले देखो गोली, अब खैर क्या मनायें सरकारें होती जुमली। हम झेल रहे हैं बोली के बदले देखो गोली, अब खैर क्या मनायें सरकारें होती जुमली।
जात पात और धर्म बैठे तराजू की एक ओर हैं, समझ नहीं आता दूसरी ओर बैठा कौन है। जात पात और धर्म बैठे तराजू की एक ओर हैं, समझ नहीं आता दूसरी ओर बैठा कौन है।
जेब टटोलकर पापा की, मौज कराती बच्चों को! जेब टटोलकर पापा की, मौज कराती बच्चों को!